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केंद्रीय सरकार स्‍वास्‍थ्‍य योजना

केंद्र सरकार के निकायों में कार्य कर चुके वरिष्‍ठ नागरिकों और सेवानिवृत्‍त कर्मचारियों की स्‍वास्‍थ्‍य सुरक्षा संबंधी जरुरतों को केंद्रीय सरकार स्‍वास्‍थ्‍य योजना (89 KB) (पीडीएफ फाइल जो नई विंडों में खुलती है) अथवा सीजीएचएस के जरिए पूरा किया जाना सुनिश्‍चित किया जाता है। पेंशनभोगियों की यह योजना सेवानिवृत्‍त केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों की विधवाओं को चिकित्‍सा सहायता मुहैया कराती है। सीजीएचएस योजना दिल्‍ली पुलिस के कर्मचारियों, सर्वोच्‍च न्‍यायालय के सेवानिवृत्त न्‍यायाधीशों, संसद सचिवों और उनके परिवारों पर भी लागू होती है।

इसके अलावा, भूतपूर्व राज्‍यपाल और भारत के भूतपूर्व उपराष्‍ट्रपति, अधिकृत पत्रकार भी केंद्रीय सरकार स्‍वास्‍थ्‍य योजना में शामिल होने के पात्र हैं। प्रारंभ में, केंद्रीय सरकार स्‍वास्‍थ्‍य योजना दिल्‍ली में शुरू की गई थी। कुछ वर्षों के बाद यह इलाहाबाद, अहमदाबाद, बैंगलोर, मुंबई, चेन्‍नै, कोलकाता, हैदराबाद, जयपुर और पटना जैसे नगरों में भी पहुंच गई।

केंद्रीय सरकार स्‍वास्‍थ्‍य योजना एलोपैथिक और होम्‍योपैथिक प्रणालियों तथा चिकित्‍सा की परम्‍परागत भारतीय पद्धतियों जैसे कि आयुर्वेद, यूनानी, योग और सिद्धा, के जरिए स्‍वास्‍थ्‍य सेवाएं प्रदान करती हैं। ये चिकित्‍सा सुविधाएं औषधालयों और बहु रोग चिकित्‍सालयों (पॉली‍क्‍लीनिक) के जरिए मुहैया की जाती हैं। मुख्‍य चिकित्‍सा अधिकारी और चिकित्‍सा अधिकारी इन औषधालयों को संचालित करते हैं और इस योजना के सही संचालन के लिए जिम्‍मेदार हैं।

इस योजना के मुख्‍य घटक औषद्यालय सेवाएं हैं जिनमें आवास पर देखभाल, विशेषज्ञ से परामर्श की सुविधा, एक्‍स रे, ईसीजी, प्रयोगशाला जांच, अस्‍पताल में भर्ती करना, औषधियों की खरीद एवं वितरण और स्‍वास्‍थ्‍य शिक्षा की व्‍यवस्‍था शामिल हैं। नीचे केंद्रीय सरकार स्‍वास्‍थ्‍य योजना के तहत मान्‍यता प्राप्‍त निजी अस्‍पतालों और निदान केंद्रों की सूची (बाहरी वेबसाइट जो एक नई विंडों में खुलती हैं)

स्रोत: फिक्की के सहयोग से संकलित, दिनांक: २२-०५-२००७